मध्य प्रदेश कैबिनेट ने 23,228 करोड़ की योजनाओं को दी मंजूरी, धान खरीद की अंतिम तिथि बढ़ाई
मुख्यमंत्री मोहन यादव की अध्यक्षता में हुई बैठक में वित्तीय स्वीकृति दी गई और किसानों के लिए धान उपार्जन की प्रक्रिया में सुविधा प्रदान करने के लिए समय सीमा बढ़ाई गई।

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में मंगलवार, 3 नवंबर को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में महत्वपूर्ण कैबिनेट बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक के दौरान नगरीय विकास एवं आवास, वन, स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा तथा जल संसाधन विभागों की विभिन्न विकास योजनाओं के लिए कुल 23,228 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति को निरंतरता प्रदान की गई। सरकार ने किसानों के हितों को ध्यान में रखते हुए धान उपार्जन की अंतिम तिथि को 4 नवंबर 2026 तक बढ़ाने का निर्णय लिया है, ताकि वे किसान जो अभी तक पंजीयन नहीं करा पाए हैं, वे इस लाभ का उपयोग कर सकें।
बैठक के बाद सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य कुमार काश्यप ने प्रेस वार्ता में निर्णयों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दीपावली पर्व के बाद 18 नवंबर को मंदसौर जिले के गांधीसागर में अगली कैबिनेट की डेस्टिनेशन बैठक प्रस्तावित है। मुख्यमंत्री की इस अभिनव पहल के तहत आयोजित इस बैठक में किसान कल्याण और औद्योगिक विकास से जुड़े मुद्दों पर विशेष चर्चा होगी। यह पहल राज्य के अलग-अलग हिस्सों में विकास कार्यों को गति देने और स्थानीय स्तर पर समस्याओं को समझने के लिए उठाया गया कदम है।
शहरी विकास और कर्मचारी कल्याण के निर्णय
कैबिनेट ने शहरी क्षेत्रों के विकास के लिए भी महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री ने इंदौर में आयोजित अर्बन ग्रोथ कॉन्क्लेव में मध्य प्रदेश के शहरी विकास का रोडमैप प्रस्तुत किया था। इस योजना के तहत वर्ष 2026 की नई शहरी विकास नीति के अंतर्गत इंदौर, भोपाल और उज्जैन सहित विभिन्न क्षेत्रों में 15 नए सैटेलाइट टाउन विकसित किए जाएंगे। इससे सड़क नेटवर्क का विस्तार, आवासीय सुविधाओं में सुधार और नए व्यावसायिक अवसरों के सृजन को गति मिलने की उम्मीद है। इसके अलावा, शासकीय अधिकारियों और कर्मचारियों के हित में महंगाई भत्ते (DA) में 2 प्रतिशत की वृद्धि का निर्णय भी लिया गया है।
कृषि और वन क्षेत्र में भी सरकार ने कई पहलें शुरू की हैं। मुख्यमंत्री रजिस्ट्री योजना, जिसे पीएम स्वामित्व अधिकार अभिलेख निष्पादन एवं पंजीयन योजना भी कहा जाता है, के तहत अब तक लगभग 15 लाख रजिस्ट्रियां पूर्ण हो चुकी हैं। सरकार का लक्ष्य 15 नवंबर तक इस संख्या को 20 लाख तक पहुंचाना है, जिसमें संपत्ति की रजिस्ट्री का पूरा खर्च राज्य सरकार वहन कर रही है। वन क्षेत्र में नीलगाय और हिरणों द्वारा फसलों को होने वाले नुकसान को रोकने के लिए सरकार ने अफ्रीका से विशेषज्ञों को आमंत्रित कर वन विभाग के कर्मचारियों को 'बोमा पद्धति' का प्रशिक्षण दिया है। इस प्रशिक्षण के माध्यम से वन्यप्राणियों को सुरक्षित रूप से अभयारण्यों में स्थानांतरित किया जा रहा है।
बैठक में मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को दीपावली और गोवर्धन पूजा के पर्व की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मंशा के अनुरूप सभी नागरिकों से दीप पर्व के लिए स्वदेशी उत्पादों की खरीदारी करने का आह्वान किया। साथ ही, 15 नवंबर को जननायक भगवान बिरसा मुंडा की जयंती को मध्य प्रदेश में भव्य स्तर पर मनाने के निर्देश दिए गए हैं। इस अवसर पर प्रदेश के प्रमुख स्थलों और जिला स्तर पर विभिन्न आयोजन किए जाएंगे, जिनकी रूपरेखा 5 नवंबर को मुख्यमंत्री निवास में बुलाए गए प्रतिनिधियों के साथ तय की जाएगी।
पृष्ठभूमि
मध्य प्रदेश सरकार ने पिछले कुछ वर्षों में 'डेस्टिनेशन कैबिनेट' की शुरुआत की है, जिसके तहत कैबिनेट बैठकें भोपाल के अलावा राज्य के विभिन्न जिलों में आयोजित की जाती हैं। अब तक जगदीशपुर, जबलपुर, सिंग्रामपुर, महेश्वर, इंदौर, पचमढ़ी, खजुराहो और नागलवाड़ी में ऐसी बैठकें हो चुकी हैं। इसका उद्देश्य विकास कार्यों की प्रगति का स्थानीय स्तर पर आकलन करना और जनता की समस्याओं को सीधे सुनना है।
स्रोत
यह ख़बर इन 3 स्रोतों के आधार पर तैयार की गई है:
- punjabkesari.com — Bhopal: भाजपा की 'लोकतंत्र बचाओ-अराजकता हटाओ' पदयात्रा बुधवार को, सीएम मोहन यादव और जे.पी नड्डा होंगे शामिल
- mpbreakingnews.in — Mohan Cabinet Decisions: विभिन्न योजनाओं के लिए कुल 23228 करोड़ मंजूर, मंदसौर के गांधीसागर में अगली…
- bhaskarhindi.com — मध्य प्रदेश से डकैत और नक्सलवाद का खात्मा पुलिस की दक्षता का प्रतीक सीएम मोहन यादव | ???? ?????? ?? ???? ?? ???????? ?? ?????? ????? ?? ?????? ?? ?????? : ???? ???? ????
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