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वेंस का दावा: ईरान युद्ध ही रिपब्लिकन हार का सबसे बड़ा कारण

अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने मध्यावधि चुनावों में रिपब्लिकन पार्टी की हार का मुख्य कारण ईरान के साथ चल रहा युद्ध बताया है। उन्होंने कहा कि 2024 में ट्रंप को वोट देने वाले कई मतदाता इस बार डेमोक्रेट्स के पक्ष में खड़े हो गए।

तस्वीर: punjabkesari.com

वाशिंगटन में अमेरिकी राजनीति की दिशा तय करने वाले मध्यावधि चुनावों के नतीजों के बाद उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने एक लंबे पोस्ट के जरिए पार्टी की हार का विश्लेषण प्रस्तुत किया है। वेंस का स्पष्ट दावा है कि ईरान के साथ जारी सैन्य संघर्ष ही रिपब्लिकन पार्टी की हार का सबसे बड़ा कारण बना। उन्होंने स्वीकार किया कि 2024 के राष्ट्रपति चुनावों में डोनाल्ड ट्रंप और उन्हें समर्थन देने वाले कई मतदाताओं ने 2026 के चुनावों में डेमोक्रेटिक पार्टी का साथ दिया।

वेंस ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि रिपब्लिकन पार्टी के आंतरिक आंकड़े शुरू में यह संकेत दे रहे थे कि पार्टी के समर्थक अच्छी संख्या में मतदान कर रहे हैं, जिससे बड़ी हार से बचा जा सकता है। हालांकि, उन्होंने बताया कि असली समस्या मतदान प्रतिशत (टर्नाउट) में नहीं थी, बल्कि मतदाताओं के रुझान में बदलाव था। उनका कहना है कि रिपब्लिकन रणनीतिकार लगातार मतदाताओं के रुझान पर नजर रख रहे थे, लेकिन एक डेटा विश्लेषक ने उन्हें पहले ही चेतावनी दी थी कि ज्यादा मतदान का मतलब यह नहीं है कि वोट रिपब्लिकनों को ही मिलेंगे।

मतदाताओं के चार प्रमुख शिकायत

उपराष्ट्रपति ने एक चुनाव विशेषज्ञ के हवाले से बताया कि सर्वेक्षण के अनुसार, 2024 में ट्रंप को वोट देने वाले लेकिन अब नाराज मतदाताओं ने चार प्रमुख मुद्दों पर असंतोष जताया। ये मुद्दे थे: युद्ध खत्म करना, महंगाई और जीवन यापन की लागत को नियंत्रित करना, 'अमेरिका फर्स्ट' की नीति को सख्ती से लागू करना, और इजरायल के साथ वाशिंगटन के संबंधों में बदलाव लाना। वेंस ने लिखा, "हमारे समर्थक मतदान केंद्र तक पहुंचे लेकिन इन्हीं कारणों से उनमें से कई लोगों ने डेमोक्रेट्स को वोट दिया।" हालांकि, उन्होंने उस सर्वेक्षण के नमूना आकार या तारीखों की विस्तृत जानकारी साझा नहीं की।

वेंस ने माना कि कुछ आलोचक कह रहे हैं कि पार्टी ने चुनाव के अंतिम चरण में आर्थिक मुद्दों को प्रभावी ढंग से लोगों तक नहीं पहुंचा पाया, लेकिन उनका निष्कर्ष यही रहा कि हार का मुख्य कारण युद्ध था। उन्होंने लिखा, "हम इसलिए हारे क्योंकि युद्ध लोगों को पसंद नहीं था।" इस बात की पुष्टि के लिए उन्होंने उल्लेख किया कि राष्ट्रपति ट्रंप ने भी चुनाव के बाद फॉक्स न्यूज को दिए साक्षात्कार में ईरान को हार का एक महत्वपूर्ण कारण बताया था। हालांकि, ट्रंप ने वॉल स्ट्रीट जर्नल के साथ अलग साक्षात्कार में सैन्य अभियान का बचाव करते हुए कहा कि उन्हें इस फैसले पर पछतावा नहीं है।

वेंस ने युद्ध के समर्थकों से अपील की कि उन्हें यह स्वीकार करना चाहिए कि इस संघर्ष की राजनीतिक कीमत पार्टी को चुकानी पड़ी है। उनका कहना है कि यदि पार्टी छह साल के लिए सीनेट में सीटें खो देती है, तो युद्ध समर्थकों को इसका जवाब देना होगा। साथ ही, उन्होंने पार्टी के भीतर उन आवाजों की आलोचना की जो हार का कारण आव्रजन नीति बता रही हैं। वेंस ने स्पष्ट किया कि अवैध रूप से काम करने वालों पर सख्ती बढ़ाई जा सकती है, लेकिन अवैध प्रवासियों को सामान्य माफी (एमनेस्टी) देना चुनावी हार का समाधान नहीं है।

चुनावी परिणाम और आगे का रास्ता

सीबीएस न्यूज के अनुमानों के अनुसार, मंगलवार को हुए चुनावों में डेमोक्रेटिक पार्टी ने प्रतिनिधि सभा और सीनेट दोनों पर नियंत्रण हासिल कर लिया है। पार्टी ने नॉर्थ कैरोलाइना, टेक्सास, ओहायो, कैनसस और साउथ कैरोलिना जैसे राज्यों में महत्वपूर्ण जीत दर्ज की, जिससे सीनेट में रिपब्लिकन बहुमत खत्म हो गया। फरवरी में शुरू हुए अमेरिका-इजरायल समर्थित ईरान संघर्ष का असर क्षेत्रीय व्यापार, तेल आपूर्ति और ऊर्जा बाजारों पर पड़ा, जिससे बढ़ती ईंधन कीमतें और रोजमर्रा के खर्च चुनाव के दौरान प्रमुख मुद्दे बने रहे।

वेंस का मानना है कि इन्हीं वजहों से कई मतदाता रिपब्लिकन पार्टी से नाराज हुए। उन्होंने निराश समर्थकों से अपील की कि वे पार्टी से दूरी बनाने के बजाय भविष्य के चुनावों पर ध्यान दें और राजनीतिक रूप से सक्रिय बने रहें। नए निर्वाचित सांसद 3 जनवरी 2027 को शपथ लेंगे, जिसके बाद ट्रंप प्रशासन के शेष कार्यकाल में विधायी एजेंडा, बजट प्रस्तावों और प्रशासनिक नीतियों पर बड़ा अंकुश लगने की संभावना है।

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पृष्ठभूमि

अमेरिका में मध्यावधि चुनाव राष्ट्रपति के चार साल के कार्यकाल के बीच में होते हैं, जिनमें केवल संसद के सदस्यों का चुनाव होता है। ऐतिहासिक रूप से, पिछले 20 मध्यावधि चुनावों में 18 बार सत्ताधारी पार्टी ने सीटें खोईं हैं। इस बार महंगाई, जीवनयापन की लागत, स्वास्थ्य सेवाएं, आव्रजन और ईरान के साथ जारी संघर्ष प्रमुख मुद्दे थे।

स्रोत

यह ख़बर इन 4 स्रोतों के आधार पर तैयार की गई है:

  • punjabkesari.com — ईरान युद्ध बना रिपब्लिकन की हार की सबसे बड़ी वजह : जेडी वेंस
  • bhaskarhindi.com — अमेरिका में आज मध्यावधि चुनाव, कांग्रेस के दोनों सदनों पर नियंत्रण की परीक्षा | Midterm Election And Trump's Situation
  • hindi.newsbytesapp.com — #NewsBytesExplainer: क्या होते हैं अमेरिकी मध्यावधि चुनाव, हारने पर ट्रंप को छोड़ना होगा पद?
  • hindi.webdunia.com — US Midterm Elections: 62% भारतीय-अमेरिकी ट्रंप के खिलाफ, क्या पलट जाएगा पासा?

यह लेख ऊपर दिए स्रोतों के आधार पर आर्टिफ़िशियल इंटेलिजेंस की मदद से लिखा गया है। हम कैसे काम करते हैं।

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